हनुमान जी के ये टोटके कामयाब हैं ....!


*हनुमान जी का एक नाम बजरंगबली है. बजरंगबली को चमत्कारिक सफलता देने वाला देवता माना जाता है. ऐसा माना जाता है कि चैत्र मास की पूर्णिमा को ही राम भक्त हनुमान ने माता अंजनी के गर्भ से जन्म लिया था. हर देवता की जन्मतिथि एक होती है, लेकिन हनुमान जी की दो मनाई जाती हैं. हनुमान जी की जन्मतिथि को लेकर मतभेद हैं. कुछ हनुमान जयन्ती की तिथि कार्तिक कृष्ण चतुर्दशी मानते हैं तो कुछ चैत्र शुक्ल पूर्णिमा. इसके बारे में ग्रंथों में दोनों के ही उल्लेख मिलते हैं, लेकिन इनके कारणों में भिन्नता है.

पहला जन्मदिवस है और दूसरा विजय अभिनन्दन महोत्सव. हनुमान जी के जन्म के बारे में एक कथा है कि -'अंजनी के उदर से हनुमान जी उत्पन्न हुए. भूखे होने के कारण वे आकाश में उछल गए और उदय होते हुए सूर्य को फल समझकर उसके समीप चले गए. उस दिन पर्व तिथि होने से सूर्य को ग्रसने के लिए राहु आया हुआ था. लेकिन हनुमान जी को देखकर उसने उन्हें दूसरा राहु समझा और भागने लगा. तब इन्द्र ने अंजनीपुत्र पर वज्र का प्रहार किया. इससे उनकी ठोड़ी टेढ़ी हो गई, जिसके कारण उनका नाम हनुमान पड़ा. जिस दिन हनुमान जी का जन्म हुआ वो दिन चैत्र मास की पूर्णिमा थी.

हनुमान जी की पूजा करने वाले भक्तों को हर परेशानी से बजरंगबली बचाते हैं. बजरंगबली को लेकर कई टोटके भी हैं. कहा जाता है कि इन टोटके से ‍विशेष रूप से धन प्राप्ति के लिए किया जा सकता है. इतना ही नहीं ये टोटके हर प्रकार का अनिष्ट भी दूर करते हैं.

टोटका 1 - कच्ची धानी के तेल के दीपक में लौंग डालकर हनुमान जी की आरती करें. संकट दूर होगा और धन की प्राप्ति होगी.
टोटका 2 - अगर धन लाभ की स्थितियां बन रही हो, लेकिन ‍फिर भी लाभ नहीं मिल रहा हो, तो हनुमान जयंती पर गोपी चंदन की नौ डलियां लेकर केले के वृक्ष पर टांग देनी चाहिए. याद रहे ये चंदन पीले धागे से ही बांधना है.
टोटका 3 - एक नारियल पर कामिया सिन्दूर, मौली, अक्षत अर्पित कर पूजन करें. फिर हनुमान जी के मन्दिर में चढ़ा आएं. इससे धन लाभ होगा.
टोटका 4 - पीपल के वृक्ष की जड़ में तेल का दीपक जला दें. फिर वापस घर आ जाएं और पीछे मुड़कर न देखें. इससे आपको धन लाभ के साथ ही हर बिगड़ा काम बन जाएगा.


गुप्त शत्रु से बचाएं हनुमान जी का ये टोटका
जब कोई शख्स तरक्की करता है, तो उसकी तरक्की से जल कर उसके अपने ही उसके शत्रु बन जाते हैं और उसे सहयोग देने की जगह पर वो उसके मार्ग को अवरूद्ध करने लग जाते हैं. ऐसे शत्रुओं से निपटना अत्यधिक कठिन होता है.




-  ऐसी परिस्थितियों से निपटने के लिए प्रात:काल सात बार हनुमान बाण का पाठ करें.
-  हनुमान जी को लड्डू का भोग लगाएं.
-  पांच लौंग पूजा स्थान में देशी कपूर के साथ जलाएं.
-  फिर भस्म से तिलक करके बाहर जाए.
इस प्रयोग से जीवन में समस्त शत्रुओं परास्त होंगे. वहीं इस यंत्र के माध्यम से आप अपनी मनोकामनाओं की भी पूर्ति करने में सक्षम होंगे.

श्री हनुमान जी के चमत्कारी बारह नाम
हनुमान जी के बारह नाम का स्मरण करने से ना सिर्फ उम्र में वृद्धि होती है बल्कि समस्त सांसारिक सुखों की प्राप्ति भी होती है. बारह नामों का निरंतर जप करने वाले व्यक्ति की श्री हनुमानजी महाराज दसों दिशाओं और आकाश-पाताल से रक्षा करते हैं.

केसरीनंदन बजरंग बली के 12 चमत्कारी नाम:

1)- ॐ हनुमान
2)- ॐ अंजनी सुत
3)- ॐ वायु पुत्र
4)- ॐ महाबल
5)- ॐ रामेष्ठ
6)- ॐ फाल्गुण सखा
7)- ॐ पिंगाक्ष
8)- ॐ अमित विक्रम
9)- ॐ उदधिक्रमण
10)- ॐ सीता शोक विनाशन
11)- ॐ लक्ष्मण प्राण दाता
12)- ॐ दशग्रीव दर्पहा

नाम की अलौकिक महिमा
- प्रात: काल सो कर उठते ही जिस अवस्था में भी हो बारह नामों को 11 बार लेनेवाला व्यक्ति दीर्घायु होता है.
- नित्य नियम के समय नाम लेने से इष्ट की प्राप्ति होती है.
- दोपहर में नाम लेने वाला व्यक्ति धनवान होता है. दोपहर संध्या के समय नाम लेने वाला व्यक्ति पारिवारिक सुखों से तृप्त होता है.
- रात्रि को सोते समय नाम लेने वाले व्यक्ति की शत्रु से जीत होती है.
- उपरोक्त समय के अतिरिक्त इन बारह नामों का निरंतर जप करने वाले व्यक्ति की श्री हनुमानजी महाराज दसों दिशाओं और आकाश पाताल से रक्षा करते हैं.
- लाल स्याही से मंगलवार को भोजपत्र पर ये बारह नाम लिखकर मंगलवार के दिन ही ताबीज बांधने से कभी ‍सिरदर्द नहीं होता. गले या बाजू में तांबे का ताबीज ज्यादा उत्तम है. भोजपत्र पर लिखने के काम आने वाला पेन नया होना चाहिए.










हनुमान जी का खास मंत्र
श्री हनुमंते नम:
अतुलित बलधामं, हेमशैलाभदेहं।
दनुजवनकृशानुं, ज्ञानिनामग्रगण्यम्।
सकलगुण निधानं, वानराणामधीशं।
रघुपतिप्रिय भक्तं, वातजातं नमामि।।

loading...

1 comments:

Business me Dhanprapti ke liye Hanuman no ko kaise prasanna kare?


EmoticonEmoticon