Homeopathy-Estimated heart disease-अनुमानित ह्रदय रोग

8:12 pm Leave a Comment
heart disease

Estimated heart disease-अनुमानित ह्रदय रोग-

मेरे छोटे साले को बहुत अधिक बेचैनी,घबराहट  और छटपटाहत होती थी -झांसी के एलोपैथिक डॉक्टर ने उनको ह्रदय रोग से पीड़ित समझ कर उसी के अनुसार चिकित्सा आरम्भ कर दी -कई बार कष्ट इतना अधिक बढ़ जाता था कि उन्हें intensive care unit(सघन चिकित्सा इकाई) में भर्ती कर लिया जाता था तथा जांचों की तो हद कर दी किन्तु ऐसा कुछ नजर नहीं आता था जिससे रोग की पहिचान या Refutation(निराकरण) हो सके- 

इधर रोगी की हालत बिगडती ही जा रही थी-अत्यधिक कमजोरी,शरीर पीला पड़ना,तथा वजन में भी कमी होती ही जा रही थी -संयोगवश किसी सम्बन्धी की मृत्यु हो जाने के कारण मेरी पत्नी को झांसी जाना पड़ा-अवकाश न मिल पाने के कारण मै स्वयं जा नहीं सका-भाई की हालत देख कर पत्नी की आँखों में आँसू आ गए-तब उन्होंने कहा तुम मेरे साथ ग्वालियर चलो-वहां तुम्हारे जीजा जी की कई बड़े-बड़े डॉक्टरों से जान-पहिचान है ,वही इलाज करवाना-झाँसी के डॉक्टरों का मुझे भरोसा नहीं है-


उन्हें लेकर वे ग्वालियर आ गई -उसकी हालत देखकर मै भी चिन्ता में पड़ गया -हाल पूछने पर पता लगा कि उसे शाम चार बजे से बेचैनी,घबराहट आदि शुरू होती है जो इतनी बढ़ जाती है कि कोई हाथ मलता है ,कोई पैर सहलाता है,कोई सिर पर हाथ फेरता है तो कोई पंखा करता है -यह क्रम रात आठ बजे तक चलता है फिर बाद में सब कुछ सामान्य हो जाता है जैसे कुछ हुआ ही न हो -बात तुरन्त समझ में आ गई कि यह केस तो "लाइकोपोडियम" का है -मैने उन्हें "लाइकोपोडियम1000" की दो पुड़ियाँ आधे-आधे घन्टे से खिला दी -समय होगा तब ग्यारह-साढ़े ग्यारह बजे का - मैने उनसे कहा कि आज मै किसी डॉक्टर से समय ले लेता हूँ ,कल तुम्हें उन्हें दिखा दूंगा -तब हमारे साले की पत्नी ने कहा हम तो आपके पास इलाज के लिए आये है,अब आप जैसा चाहे वैसा करे-

उस दिन शाम को बहुत ही हल्का सा दौरा पड़ा जो बिना किसी ख़ास कष्ट के टल गया -हमारे साले साहब बोले कि इन पुड़ियों से बहुत लाभ हुआ है आप दो पुड़ियाँ और दे दीजिये -मैने कहा जरुरत होगी तो दे दूंगा -दूसरा दिन भी बिना किसी कष्ट के गुजर गया -एक माह में उनका वजन भी सामान्य हो गया और ख़ुशी-ख़ुशी उन्होंने अपनी नौकरी भी ज्वाइन कर ली -हमें पुड़ियाँ  देने की आवश्यकता ही नहीं पड़ी-सब कुछ सामान्य हो गया-


प्रस्तुतीकरण- Upcharऔर प्रयोग-

0 comments :

एक टिप्पणी भेजें

-->