Immediately Marriage-अतिशीघ्र विवाह के लिए क्या करें

4:01 pm Leave a Comment
कभी- कभी जन्मकुंडली में कई ऐसे योग होते हैं जिनकी वजह से कोई भी पुरुष या स्त्री विवाह की खुशी से वंचित रह सकते है कई बार ये रूकावट बाहरी बाधाओं की वजह से भी आती हैं और उम्र लगातार बढती जाती है और लाख प्रयास के बाद भी रिश्ते बन नहीं पाते हैं या मनचाहे रिश्तों का तो जैसे आकाल ही पड़ जाता है इस प्रकार की स्थिति होने पर अतिशीघ्र विवाह(Immediately Marriage)के उपाय करने में समझदारी रहती है-

Immediately Marriage-अतिशीघ्र विवाह के लिए क्या करें


इन उपाय को करने से अतिशीघ्र विवाह(Immediately Marriage)के मार्ग बनते है तथा विवाह मार्ग की समस्त बाधाएं दूर होती है यहाँ पर हम कुछ बहुत ही आसान किन्तु अचूक उपाय बता रहे है जिनको सच्चे मन से करने से वर एवं कन्या दोनों को ही निश्चित रूप से मनवांछित लाभ प्राप्त होगा-

अतिशीघ्र विवाह(Immediately Marriage)के लिए क्या करे-

  1. शीघ्र विवाह के लिए सोमवार को 1200 ग्राम चने की दाल व सवा लीटर कच्चे दूध का दान करें यह प्रयोग तब तक करते रहना है लेकिन जब तक कि विवाह न हो जाय-
  2. कन्या जब किसी कन्या के विवाह में जाये और यदि वहाँ पर दुल्हन को मेहँदी लग रही हो तो अविवाहित कन्या कुछ मेहँदी उस दुल्हन के हाथ से लगवा ले इससे विवाह का मार्ग शीघ्र प्रशस्त होता है-
  3. विवाह वार्ता के लिए घर आए अतिथियों को इस प्रकार बैठाएं कि उनका मुख घर में अंदर की ओर हो उन्हें द्वार दिखाई न दे-
  4. विवाह योग्य युवक-युवती जिस पलंग पर सोते हों उसके नीचे लोहे की वस्तुएं या कबाड़ का सामान कभी भी नहीं रखना चाहिए-
  5. यदि विवाह के पूर्व लड़का-लड़की मिलना चाहें तो वह इस प्रकार बैठे कि उनका मुख दक्षिण दिशा की ओर न हो-
  6. कन्या सफेद खरगोश को पाले तथा अपने हाथ से उसे रोज भोजन के रूप में कुछ दे-
  7. कन्या के विवाह की चर्चा करने उसके घर के लोग जब भी किसी के यहाँ जायें तो कन्या खुले बालों से तथा लाल वस्त्र धारण कर और हँसते हुए उन्हें कोई मिष्ठान खिला कर विदा करे-ईश्वर की कृपा से विवाह की चर्चा सफल होगी-
  8. यदि विवाह में बहुत जादा बाधा आ रही है तो पूर्णिमा को वट वृक्ष की 108 परिक्रमा देने से भी विवाह बाधा दूर होती है-तथा गुरूवार को वट वृक्ष, पीपल, केले के वृक्ष पर जल अर्पित करने से भी विवाह बाधा दूर होती है-
  9. जिन व्यक्तियों को शीघ्र विवाह की कामना हों उन्हें गुरुवार को गाय को दो आटे के पेडे पर थोड़ा हल्दी लगाकर खिलाना चाहिए तथा इसके साथ ही थोड़ा सा गुड व चने की पीली दाल का भोग गाय को लगाना शुभ होता है-
शीघ्र विवाह का अचूक प्रयोग-

किसी भी शुभ दिवस पर मिटटी का एक नया कुल्हड़ लाएँ तथा उसमे एक लाल वस्त्र,सात काली मिर्च एवं सात ही नमक की साबुत कंकड़ी रख दें तथा हांडी का मुख लाल कपडे से बंद कर दें एवँ कुल्हड़ के बाहर कुमकुम की सात बिंदियाँ लगा दे फिर उसे सामने रख कर निम्न मंत्र की 5 माला जप करेँ और मन्त्र जप के पश्चात हांडी को चौराहे पर रखवा देँ यह शीघ्र विवाह के लिए बहुत ही असरदायक प्रयोग है-

मन्त्र-

गौरी आवे ,शिव जो ब्यावे अमुक का विवाह तुरंत सिद्ध करेँ,
देर ना करेँ, जो देर होए , तो शिव को त्रिशूल पड़े, गुरु गोरखनाथ की दुहाई फिरै ।।

नोट- अमुक के स्थान पर जिस लड़की का विवाह न हो रहा हो उसका नाम प्रयोग करना है-

अतिशीघ्र विवाह के लिए शिव प्रयोग-

यदि कन्या की शादी में कोई रूकावट आ रही हो तो पूजा वाले 5 नारियल लें और भगवान शिव की मूर्ती या फोटो के आगे रख कर “ऊं श्रीं वर प्रदाय श्री नामः” मंत्र का पांच माला जाप करें फिर वो पांचों नारियल शिव जी के मंदिर में चढा दें इस प्रयोग से शीघ्र विवाह की बाधायें अपने आप दूर होती जांयगी-

प्रत्येक सोमवार को कन्या सुबह नहा-धोकर शिवलिंग पर “ऊं सोमेश्वराय नमः” का जाप करते हुए दूध मिले जल को चढाये और वहीं मंदिर में बैठ कर रूद्राक्ष की माला से इसी मंत्र का एक माला जप करे- शीघ्र विवाह की सम्भावना बनती नज़र आयेगी-

शिव-पार्वती का पूजन करने स भी विवाह की मनोकामना पूर्ण हो जाती हैं इसके लिए प्रतिदिन शिवलिंग पर कच्चा दूध, बिल्व पत्र, अक्षत, कुमकुम आदि चढ़ाकर विधिवत पूजन करें-

अतिशीघ्र विवाह हेतु गुरु प्रयोग-

विवाह योग्य लोगों को शीघ्र विवाह के लिये प्रत्येक गुरुवार को नहाने वाले पानी में एक चुटकी हल्दी डालकर स्नान करना चाहिए तथा भोजन में केसर का सेवन करने से विवाह शीघ्र होने की संभावनाएं बनती है-

विवाह योग्य व्यक्ति को सदैव शरीर पर कोई भी एक पीला वस्त्र धारण करके रखना चाहिए-

गुरुवार की शाम को पांच प्रकार की मिठाई, हरी ईलायची का जोडा तथा शुद्ध घी के दीपक के साथ जल अर्पित करना चाहिये-यह प्रयोग लगातार तीन गुरुवार को करना चाहिए-इससे शीघ्र विवाह के योग निस्संदेह बनते है-

गुरुवार को केले के वृ्क्ष पर जल अर्पित करके शुद्ध घी का दीपक जलाकर गुरु के 108 नामों का उच्चारण करने से जल्दी ही जीवनसाथी की तलाश पूर्ण हो जाती है-

बृहस्पति को देवताओं का गुरु माना जाता है इनकी पूजा से विवाह के मार्ग में आ रही सभी अड़चनें स्वत: ही समाप्त हो जाती हैं इनकी पूजा के लिए गुरुवार का विशेष महत्व है-

गुरुवार को बृहस्पति देव को प्रसन्न करने के लिए पीले रंग की वस्तुएं चढ़ानी चाहिए-पीले रंग की वस्तुएं जैसे हल्दी, पीला फल, पीले रंग का वस्त्र, पीले फूल, केला, चने की दाल आदि इसी तरह की वस्तुएं गुरु ग्रह को चढ़ानी चाहिए तथा साथ ही शीघ्र विवाह की इच्छा रखने वाले युवाओं को गुरुवार के दिन व्रत रखना चाहिए-इस व्रत में खाने में पीले रंग का खाना ही खाएं, जैसे चने की दाल, पीले फल, केले खाने चाहिए-इस दिन व्रत करने वाले को पीले रंग के वस्त्र ही पहनने चाहिए-

ॐ ग्रां ग्रीं ग्रों स: गुरूवे नम: ॥ मंत्र का पांच माला प्रति गुरुवार जप करें।

कृष्ण प्रयोग-

जिन लड़कों का विवाह नहीं हो रहा हो या प्रेम विवाह में विलंब हो रहा हो उन्हें शीघ्र मनपसंद विवाह के लिए श्रीकृष्ण के इस मंत्र का 108 बार जप करना चाहिए-

शीघ्र विवाह के लिए भगवान श्री कृष्ण का मन्त्र-

"क्लीं कृष्णाय गोविंदाय गोपीजनवल्लभाय स्वाहा।"

यदि किसी कन्या का विवाह नहीं हो पा रहा है तो वह कन्या आज विवाह की कामना से भगवान श्री गणेश को मालपुए का भोग लगाए तो शीघ्र ही उसका विवाह हो जाता है-

अन्य प्रयोग-

अगर किसी का विवाह कुण्डली के मांगलिक योग के कारण नहीं हो पा रहा है तो ऎसे व्यक्ति को मंगल वार के दिन चण्डिका स्तोत्र का पाठ तथा शनिवार के दिन सुन्दर काण्ड का पाठ करना चाहिए इससे भी विवाह के मार्ग की बाधाओं में कमी होती है-

जिन व्यक्तियों की विवाह की आयु हो चुकी है परन्तु विवाह संपन्न होने में बाधा आ रही है उन व्यक्तियों को यह उपाय करना चाहिए इस उपाय में शुक्रवार की रात्रि में आठ छुआरे जल में उबाल कर जल के साथ ही अपने सोने वाले स्थान पर सिरहाने रख कर सोयें तथा शनिवार को प्रात: स्नान करने के बाद किसी भी बहते जल में इन्हें प्रवाहित कर दें-

प्रेम विवाह में अडचने आ रही हैं-

शुक्ल पक्ष के गुरूवार से शुरू करके विष्णु और लक्ष्मी मां की मूर्ती या फोटो के आगे “ऊं लक्ष्मी नारायणाय नमः” मंत्र का रोज़ तीन माला जाप स्फटिक माला पर करें-इसे शुक्ल पक्ष के गुरूवार से ही शुरू करें तथा तीन महीने तक हर गुरूवार को मंदिर में प्रसाद  चढांए और विवाह की सफलता के लिए प्रार्थना करें-

शुक्ल पक्ष के पहले गुरुवार को सात केले, सात गौ ग्राम गुड़ और एक नारियल लेकर किसी नदी या सरोवर पर जाएं-अब कन्या को वस्त्र सहित नदी के जल में स्नान कराकर उसके ऊपर से जटा वाला नारियल ऊसारकर नदी में प्रवाहित कर दें तथा इसके बाद थोड़ा गुड़ व एक केला चंद्रदेव के नाम पर व इतनी ही सामग्री सूर्यदेव के नाम पर नदी के किनारे रखकर उन्हें प्रणाम कर लें फिर थोड़े से गुड़ को प्रसाद के रूप में कन्या स्वयं खाएं और शेष सामग्री को गाय को खिला दें-इस टोटके से कन्या का विवाह शीघ्र ही हो जाएगा-

सुखी विवाह के लिए बाधाएँ हटायें-

शादी वाले दिन से एक दिन पहले एक ईंट के ऊपर कोयले से “बाधायें” लिखकर ईंट को उल्टा करके किसी सुरक्षित स्थान पर रख दीजिये और शादी के बाद उस ईंट को उठाकर किसी पानी वाले स्थान पर डाल कर ऊपर से कुछ खाने का सामान डाल दीजिये-विवाह के समय और विवाह के बाद में वर/वधु के दाम्पत्य जीवन में बाधायें नहीं आयेंगी- यह काम वर-वधु या उनके घर का कोई भी सदस्य कर सकता है लेकिन यह काम बिल्कुल चुपचाप करना चाहिए-

क्या न करें-

बृहस्पति, शुक्र, बुद्ध और सोम इन वारों में विवाह करने से कन्या सौभाग्यवती होती है-विवाह में चतुर्दशी, नवमी इन तिथियों को त्याग देना चाहिए-

विवाह के पश्चात एक वर्ष तक पिण्ड-दान,मृक्ति का स्नान, तिलतर्पण, तीर्थ-यात्रा,मुण्डन,प्रेतानुगमन आदि नहीं करना चाहिये-

यदि किसी युवक के विवाह में परेशानियां आ रही हैं तो वह भगवान श्री गणेश को पीले रंग की मिठाई का भोग लगाएं तो उसका विवाह भी जल्दी हो जाता है-


0 comments :

एक टिप्पणी भेजें

-->