पलाश के क्या-क्या फायदे हैं

What are the benefits of Palash


प्रकर्ति ने हमें सब कुछ दिया है मगर जब तक आपको किसी भी वनस्पति की जानकारी नहीं है तब तक वह वनस्पति आपके लिए व्यर्थ ही है लेकिन जब आप उसके सही गुणों को जान और पहचान जाते है तब आप कह उठते है अरे ये तो हमें पहले नहीं पता था इसी में एक नाम है पलाश (Butea Monosperma)-

पलाश के क्या-क्या फायदे हैं

भारत में इसे विभिन्न नामो से जाना जाता है-इसे ढाक-टेशू-पलाश-गुजराती में खाकरा-तमिल में पुगु-कतुमुसक-किन्जुल आदि नामों से पुकारते है-

पलाश (Butea Monosperma) के औषधीय गुण-


1- दूध के साथ प्रतिदिन एक Palash (पलाश) पुष्प पीसकर दूध में मिला के गर्भवती माता को पिलायें तो इससे बल-वीर्यवान संतान की प्राप्ति होती है-

2- यदि किसी कारण से आपका अंडकोष बढ़ गया हो तो पलाश (Palash) की छाल का 6  ग्राम चूर्ण पानी के साथ निगल लीजिये-

3- किसी भी महिला को गर्भ धारण करते ही अगर गाय के दूध में पलाश के कोमल पत्ते पीस कर पिलाते रहिये तो शक्तिशाली और पहलवान बालक पैदा होगा-

4- इसी पलाश के बीजों (Palash seeds) को मात्र लेप करने से महिलायें अनचाहे गर्भ से बच सकती हैं-

5- यदि पेशाब में जलन हो रही हो या पेशाब रुक रुक कर हो रहा हो तो पलाश के फूलों (Palash flowers) का एक चम्मच रस निचोड़ कर दिन में बस 3 बार पी लीजिये -

6- बवासीर के मरीजों को पलाश के पत्तों (Palash leaves) का साग ताजे दही के साथ खाना चाहिए लेकिन साग में घी ज्यादा होना चाहिए-

7- बुखार में शरीर बहुत तेज दाहक रहा हो तो पलाश के  पत्तों का रस लगा लीजिये शरीर पर 15 मिनट में सारी जलन ख़त्म हो जाती है -

8- जो घाव भर ही न रहा हो उस पर पलाश की गोंद  का बारीक चूर्ण छिड़क लीजिये फिर देखिये-

9- फीलपांव या हाथीपाँव में पलाश की जड़ के रस में सरसों का तेल मिला कर रख लीजिये बराबर मात्रा में और फिर सुबह शाम 2-2 चम्मच पीजिये-

10- यदि आपको नेत्रों की ज्योति बढानी है तो पलाश के फूलों का रस निकाल कर उसमें शहद मिला लीजिये और आँखों में काजल की तरह लगाकर सोया कीजिए-अगर रात में दिखाई न देता हो तो पलाश की जड़ का अर्क आँखों में लगाइए-

11- लोगों में होने वाली नपुंसकता की चिकित्सा के लिए भी इसके बीज काम आते हैं अन्य दवाओं में  मिला के इसका प्रयोग होता है -

12- शरीर में अन्दर कहीं गांठ उभर आयी हो तो इसके पत्तों को  गर्म करके बांधिए या उनकी चटनी पीस कर गरम करके उस स्थान पर लेप कीजिए-

13- इसके बीजों को नीबू के रस में पीस कर लगाने से दाद खाज खुजली में आराम मिलता है-

14- इसी पलाश से एक ऐसा रसायन भी बनाया जाता है जिसके अगर खाया जाए तो बुढापा और रोग आस-पास नहीं आ सकते-

15- इसके पत्तों से बनी पत्तलों पर भोजन करने से चाँदी के पात्र में किये गये भोजन के समान लाभ प्राप्त होते हैं पहले लोग शादी ब्याह और अन्य संस्कार में पत्तल और दोने पलाश(ढाक)का ही करते थे और आज की अपेक्षा जादा स्वस्थ थे -

16- इसका गोंद हड्डियों को मजबूत बनाता है पलाश का 1 से 3 ग्राम गोंद मिश्रीयुक्त दूध अथवा आँवले के रस के साथ लेने से बल एवं वीर्य की वृद्धि होती है तथा अस्थियाँ मजबूत बनती हैं और शरीर पुष्ट होता है-

17- वसंत ऋतु में पलाश लाल फूलों से लद जाता है इन फूलों को पानी में उबालकर केसरी रंग बनायें- यह रंग पानी में मिलाकर स्नान करने से आने वाली ग्रीष्म ऋतु की तपन से रक्षा होती है तथा कई प्रकार के चर्मरोग भी दूर होते हैं-

18- महिलाओं के मासिक धर्म में अथवा पेशाब में रूकावट हो तो फूलों को उबालकर पुल्टिस बना के पेड़ू पर बाँधें-अण्डकोषों की सूजन भी इस पुल्टिस से ठीक होती है-

19- रतौंधी की प्रारम्भिक अवस्था में फूलों का रस आँखों में डालने से लाभ होता है-

20- आँख आने पर (Conjunctivitis) फूलों के रस में शुद्ध शहद मिलाकर आँखों में आँजें-

21- पलाश के बीजों में पैलासोनिन नामक तत्त्व पाया जाता है जो एक उत्तम कृमिनाशक है तीन से छ ग्राम बीज का चूर्ण सुबह दूध के साथ तीन दिन तक दें-चौथे दिन सुबह 10 से 15 मि.ली. अरण्डी का तेल गर्म दूध में मिलाकर पिलायें इससे पेट के कृमि निकल जायेंगे-

22- पलाश बीज-चूर्ण को नींबू के रस में मिलाकर दाद पर लगाने से वह मिट जाती है-

23- पलाश के बीज+आक (मदार) के दूध में पीसकर बिच्छूदंश की जगह पर लगाने से दर्द मिट जाता है-

24- नाक-मल-मूत्रमार्ग अथवा योनि द्वारा रक्तस्राव होता हो तो छाल का काढ़ा (50 मि.ली.) बनाकर ठंडा होने पर मिश्री मिला के पिलायें-इसे इन्ही गुणों के कारण ब्रह्मवृक्ष कहना उचित है-

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8 टिप्‍पणियां:

  1. बेनामीजनवरी 18, 2017

    palas ki chaal ka churna kahan se khareeden ,please help karen
    vikashmishra1984@hotmail.com

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    उत्तर
    1. पलाश एक सस्ती वस्तु है आसानी से आपको पलाश का चूर्ण किसी भी आयुर्वेद दवा बेचने वाले पंसारी से मिल जाएगा

      हटाएं
  2. Plaash ka gond or had khaa she milegi..or jhad ka Ra's kese nikalte he kripya btaaye

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    उत्तर
    1. पलास का गोंद पंसारी से ले और जड़ को छोटे-छोटे टुकड़े करके भिगो दे फिर उसे पीस कर कपडे में बाँध कर निचोड़ ले रस निकल आएगा

      हटाएं
  3. Kya palash k patte khane se putr ki prapti hoti h

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  4. palash ke beejon ka tel banane ke liye hume kitni matra beej or tel lena hai

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  5. Kya Palash ki root ka kadha peene sey abortion ho jata hai?

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