Home Remedy for Fart Problems-पादने की समस्‍या का घरेलू उपाय

अपानवायु के घरेलू उपचार (Home Remedies for Fart Problems)-


हमारे समाज में अपानवायु यानि पादना (Fart) एक ऐसा शब्द है जिस पर लोग बात नहीं करना चाहते है। लेकिन जिस व्यक्ति को देखो पाद निकलने के बाद वो हमेशा यही कहता है हमने नहीं किया है।अपानवायु यानि गुदाद्वार से गैस निकालना यानि पादना कहलाता है। सबसे ज्‍यादा शर्मनाक पल तब होता है जब कई लोगों के बीच आपको फार्ट यानि पाद आता है। ऐसा हर किसी के साथ कभी भी और कहीं भी हो सकता है। 


Home Remedy for Fart Problems-पादने की समस्‍या का घरेलू उपाय

आप रोमेंटिक डेट पर हो या जरूरी मीटिंग में किसी भी जगह आपको फार्ट आ सकता है और फिर सभी के सामने पादना (Fart) खुद को अपमानित करना होता है। कई लोग प्रतिक्रिया स्‍वरूप गंदा मुंह बनाते है और गंदी बदबू से बैचेन होते दिखते हैं। 

हालांकि मैं कोई पाद-विशेषज्ञ (Fart Specialist) तो नहीं हूँ लेकिन फिर भी अपने अनुभव के हिसाब से कह सकता हूं कि दुनिया में पादने से बेहतर दूसरा कोई सुख नहीं है। पादकर किसी भी व्यक्ति को संपूर्ण तृप्ति का एहसास मिलता है और महसूस होता है कि पेट के डिब्बे में जो गैस कई मिनट या घंटों से परेशान कर रही थी उसे मात्र एक पाद ने ध्वस्त कर दिया है। ख़ास कर तीव्र वेग से आया पाद पेट के साथ-साथ दिमाग को भी काफी हद तक हल्का कर  देता है। 

अपानवायु के कारण (Reasons for Fart)-


पादने (अपानवायु) के कई कारण होते है जैसे आपका भोजन सही तरीके से न पचना या अस्‍वस्‍थकर खाना खाना और कुछ भी उल्‍टा-सीधा खाने की आदत होना-पादने की आदत गंदी होती है। लेकिन ऐसा कोई भी व्यक्ति जानबूझकर नहीं करता है। यह एक नेचुरल प्रॉसेस होता है जिसे रोकना बहुत मुश्किल होता है। लेकिन कुछ खास तरीकों से आप अपनी पादने की आदत पर कंट्रोल भी कर सकते हैं। 

अपानवायु कैसे रोकें (How to Stop Farting)-


1- शरीर में कार्बोहाइड्रेट जब बैक्‍टीरिया के द्वारा पचाया जाता है तो वह कार्बन डाईऑक्‍साइड में बदल जाता है और इस तरह कार्बोहाइड्रेट के सेवन के बाद पाद (Fart) से बहुत गंदी बदबू निकलती है। इसलिए अगर आप किसी भी जरूरी काम से बाहर निकलने वाले हैं तो कार्बोहाइड्रेट युक्‍त खाद्य पदार्थ न खाएं। इसके अलावा सोड़ा सा कोल्‍ड ड्रिंक भी न पिएं। ताकि आप सभी के अपानुवायु (Fart) निष्कासन से बच सकें। 

Home Remedy for Fart Problems

2- आलू, अनाज आदि में स्‍टार्च की भरपूर मात्रा होती है और स्‍टार्च के सेवन से पेट में गैस बनती है जिससे पादने की समस्‍या (Fart Problems) पैदा होती है। अगर आप किसी पब्लिक मीटिंग के लिए जा रहे हैं और आपको गैस की समस्‍या से अक्‍सर जूझना पड़ता है तो स्‍टार्च युक्‍त खाद्य पदार्थ का सेवन न करें। क्‍योंकि ऐसे भोजन खाने से पाद में बदबू भी बहुत ज्‍यादा आती है और आवाज भी आती है। चावल भी गैस बहुत ज्‍यादा बनाता है इसलिए चावल भी न खाएं। 

3- काली हरड को पानी से धोकर किसी स्वच्छ कपडे से पोंछ साफ करके रख लें और दोनों समय भोजन के पश्चात एक हरड को मुँह में रखकर चूस लिया करें। लगभग एक घंटे में हरड मुँह में घुल जाती है यह गैस और कब्ज के लिए सर्वश्रेष्ठ औषधि है। यदि आप काली हरड चूसकर सेवन न कर सकें तो उसे रात में दो काली हरड 250 ग्राम पानी में किसी कांच की गिलास या मिट्टी के बर्तन में भिगो दें और अगले दिन प्रातः सूर्योदय से पहले पी लेने से भी लाभ होगा। लेकिन स्थायी लाभ के लिए चार छः मास तक सेवन करना चाहिए। 

"आंतनि त्रिफ़ला दांतन नौन,चौथाई छोड जो खावे पौन,सांझ सकारे झाडे जावे,ताघर वैद्य कभी न आवे"

4- धूम्रपान करने से भी अपानुवायु (Fart) की समस्‍या होती है। वैसे धूम्रपान से शरीर को अन्‍य समस्‍याएं भी होती हैं लेकिन सिगरेट आदि पीने से पेट में गैस बनती है। जो फार्ट के रूप में बॉडी से बाहर निकलती है। अगर आप पादने की समस्‍या से निजात पाना चाहते हैं और शरीर को स्‍वस्‍थ रखना चाहते हैं तो धूम्रपान करना छोड़ दें 

5- मीठे खाद्य पदार्थ के सेवन से सबसे ज्‍यादा अपानुवायु (Fart) की समस्‍या पैदा होती है। शुगर को आसानी से बैक्‍टीरिया के द्वारा तोड़ा जा सकता है। जिसके चलते वह पेट में गैस पैदा करते है और बदबूदार बनाते है। घर के कई खाद्य पदार्थो में भी शुगर पाई जाती है। इसलिए आप ध्‍यान रखें और इनका सेवन कम करें ताकि आपको शर्मिंदगी न उठानी पड़े। 

6- आजकल मार्केट में कई ऐसी दवाएं और सीरप आते हैं जो पेट में होने वाली गुडगुडाहट को बंद कर देते है और पेट के कब्‍ज को दूर भगाते है जिससे गैस नहीं बनती है और पादने की दिक्‍कत नहीं होती है। यह दवाईयां बहुत उपयोगी होती हैं आप चाहें तो इनका इस्‍तेमाल आसानी से डॉक्‍टरी परामर्श से कर सकते हैं। वैसे एक्टिव कार्बन बेस्‍ड गोलियां भी बाजार में उपलब्‍ध है जो पादने की समस्‍या से निजात दिलाती हैं। आप इनमें से किसी भी प्रकार के तरीके को इस्‍तेमाल कर सकते है और अवश्‍य लाभ मिलेगा। 

7- खाना खाने के बाद बायीं करवट लेट कर दस सांस गहरी लेकर फिर दस बार सांस धीमी लेने पर भी पेट की वायु निकल जाती है तथा फिर पन्द्रह मिनट बाद दाहिनी करवट लेट कर पहले दस सांस धीमे और दस सांस गहरी लेने से पेट के अन्दर की वायु निकल कर भोजन नली को वायु हीन हो जाती है। अधिक वायु बनाने वाली वस्तुयें जैसे शाम को मूली की सलाद, दोपहर को खट्टा दही, सुबह को मूंगफ़ली या खाने के बाद किसी भुने हुए अन्न को खाने से वायु विकार हो जाते है 

8- जिन लोगों को खुल कर पाद न आने की शिकायत है उनको खजूर अवश्य खाना चाहिए। क्युकि खजूर खाने के बाद पाद जरूर आता है और पाद भी पाखाने के समय भी आता है। रोजाना दो पिण्ड खजूर खाने के बाद सभी तरह की बदहजमी को दूर करता है। बुजुर्ग लोगों को जिनको दूध माफ़िक नही होता और जो लगातार बैठ कर काम करते है उनके लिये यह रामबाण दवा है। इसीलिये कहावत कही गयी है...

"आइये हुजूर, खाइये खुजूर, बैठिये तखत पर, और पादिये बखत पर"

कोई टिप्पणी नहीं:

एक टिप्पणी भेजें

Loading...